Advertisement

देश में कोरोना संकट की सबसे दर्दनाक मामले में धनबाद के कतरास का है. यहां पर 18 दिनों के अंदर मां और 5 बेटों की कोरोना से मौत हो गई है. स्थिति ऐसी हो गई है कि रिम्स में सोमवार को परिवार से 6वें शख्स ने जब दम तोड़ा तो उसका शव लेने वाला भी कोई नहीं था. इस करोड़पति परिवार में कोरोना ने कोहराम मचा दिया है.

Advertisement

रिम्स में इलाज के दौरान पांचवें बेटे की सोमवार को मौत हो गई. शव को रिम्स में रखा गया है. हॉस्पिटल प्रशासन इंतजार कर रहा है कि शव लेने कोई आएगा. लेकिन शव लेने कोई नहीं पहुंचा. क्योंकि परिवार के 14 लोग क्वॉरेंटाइन में है. ऐसे में अंतिम संस्कार कैसे होगा. यह सवाल बना हुआ है. परिजनों ने प्रशासन से गुहार लगाई है कि कतरास शव पहुंचाने में मदद करेंगे. क्योंकि हमलोग होम क्वॉरेंटाइन में हैं.

कुछ दिन पहले ही चौथे बेटे की रिम्स में इलाज के दौरान मौत हुई थी. उस शव को लेने के लिए परिवार को कोई भी सदस्य नहीं आ पाया. जिसके बाद प्रशासन ने अंतिम संस्कार कराया. गाइड लाइन के अनुसार कोरोना से संक्रमित व्यक्ति की मौत के बाद उसका अंतिम संस्कार परिजन के समक्ष प्रशासन कराता है.

जिस परिवार में मां और पांच बेटों की मौत हुई है वह कतरास का फेमस कारोबारी परिवार है. लेकिन कोरोना संकट में यह करोड़पति परिवार बर्बाद हो गया. 4 जुलाई को सबसे पहले इस परिवार में महिला की मौत हुई उसके बाद उसके बेटों की कोरोना से मौत का सिलसिला शुरू हो गया. कतरास में एक भाई का मोबाइल पार्ट्स का होलसेल का बिजनेस है तो दूसरे भाई की राउलकेला में स्पंज आयरन की फैक्ट्री है. तीसरे का पुरुलिया में स्क्रैप का फैक्ट्री है. चौथे भाई का कोयला ट्रांसपोर्टिंग का बिजनेस था पांचवें भाई का धनबाद में रिसोर्ट है और छठे भाई दिल्ली में बिजनेसमैन हैं.

Source – First Bihar

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here